Sunday, 4 November 2018

दीपक

अपनी  चौखट  दीप  जलाये, हमने  आज  हजार से
मिट्टी  दीपक  खूब  खरीदे , अबकी  बार  बाजार  से
जला  पटाके  मरे  है  पंक्षी, पर्यावरण हुआ  प्रदूषित
सुनना नहीं आज से हमको, अगले दिनों अखबार से

"जय कुमार"04/10/18