Tuesday, 15 May 2018

जिंदगी  को सरल कर लिया मैंने
पाषाण को तरल कर  लिया मैंने
समस्याएं खूब उत्पात मचाती है
कष्ठो  को  बिरल  कर लिया मैंने

"जय कुमार "

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