चोट गहरी थी , जख्म दिखा नहीं ! हवलदार ने , मर्म लिखा नहीं ! माल अच्छा था , पैकिंग कमजोर , बाजार में वह , कभी बिका नहीं !!
"जय कुमार"
No comments:
Post a Comment