झूठ को चिल्लाने दो....ईमान अभी बाँकी है ।
सच्चाई कहने के लिए जुबान अभी बाँकी है ।
कातिल हौंसले पस्त ना होंगे ... हमारे कभी ,
खून से सने इस जिस्म में जान अभी बाँकी है ।।
सच्चाई कहने के लिए जुबान अभी बाँकी है ।
कातिल हौंसले पस्त ना होंगे ... हमारे कभी ,
खून से सने इस जिस्म में जान अभी बाँकी है ।।
"जय कुमार"10/6/15
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