Mere Bhav
Tuesday, 20 October 2015
कभी साथ
कभी साथ मिलकर वादे सजाये थे ।
प्यार की फसलोँ के बीज लगाये थे ।
मिलने बिछड़ने का सवाल नहीं था ,
दिया बाती बनके दीपक जलाये थे ।।
"जय कुमार"29/09/15
No comments:
Post a Comment
Newer Post
Older Post
Home
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
No comments:
Post a Comment