मेघ आते है
जल ना ला पाते
साँवन सूना
धरती पुत्र
आश लगाये बैठा
ना आयीं बूँदे
पहली बर्षा
सौंधी खुशबु कहाँ
सूखी धरा है
साँवन सूना
जंगल सुनसान
झरना सूना
सूना मन है
नयी दुल्हन का भी
साँवन सूना
पपीहा रुठा
ढ़ेर ना लगाये अब
साँवन सूना
अषाढ़ रोया
जल के बिन अब
साँवन सूना
पेड़ के पत्ते
पीले पीले दिखते
साँवन सूना
सरिता रुठी
जलधार कहाँ है
साँवन सूना
खलियान में
कालापन छाया है
साँवन सूना
मेघ कहाँ हो
जल भी तो लाओ
साँवन सूना
जल के बिन
सब सूना सूना है
साँवन सूना
साँवन सूना
हर पावन सूना
साँवन सूना
"जय कुमार"13/07/14
जल ना ला पाते
साँवन सूना
धरती पुत्र
आश लगाये बैठा
ना आयीं बूँदे
पहली बर्षा
सौंधी खुशबु कहाँ
सूखी धरा है
साँवन सूना
जंगल सुनसान
झरना सूना
सूना मन है
नयी दुल्हन का भी
साँवन सूना
पपीहा रुठा
ढ़ेर ना लगाये अब
साँवन सूना
अषाढ़ रोया
जल के बिन अब
साँवन सूना
पेड़ के पत्ते
पीले पीले दिखते
साँवन सूना
सरिता रुठी
जलधार कहाँ है
साँवन सूना
खलियान में
कालापन छाया है
साँवन सूना
मेघ कहाँ हो
जल भी तो लाओ
साँवन सूना
जल के बिन
सब सूना सूना है
साँवन सूना
साँवन सूना
हर पावन सूना
साँवन सूना
"जय कुमार"13/07/14
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